पंजाब के तरनतारन जिले के खेमकरण में गैंगस्टरों की धमकियों से दहशत में आए एक आढ़ती और ट्रांसपोर्टर ने पीछे से आ रही कार पर फायरिंग कर दी। बुधवार दोपहर हुई इस घटना में तीन लोग गोली लगने से घायल हो गए। घायलों में शामिल गुरसेवक सिंह की इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि हरकीरत सिंह और साजन सिंह की हालत गंभीर बताई जा रही है। दोनों का भीखीविंड के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है।
आरोपी की पहचान मनजीत सिंह कट्टा के रूप में हुई है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, उसे शक था कि पीछे आ रही गाड़ी में गैंगस्टरों के शूटर सवार हैं। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
पीछे आ रही कार को शूटरों की गाड़ी समझकर चलाई गोली
जानकारी के अनुसार, मनजीत सिंह कट्टा अपनी पत्नी के साथ घरियाला मंदिर में माथा टेककर कार से खेमकरण लौट रहा था। जब उसकी गाड़ी मेहंदीपुर गांव के चौराहे के पास पहुंची, तो पीछे से एक अन्य कार आ रही थी।
बताया जा रहा है कि कट्टा को शक हुआ कि उस कार में गैंगस्टरों के शूटर मौजूद हैं। इसी आशंका के चलते उसने रेलवे गेट के पास पीछे आ रही गाड़ी पर गोलियां चला दीं। फायरिंग में कार सवार तीन लोग घायल हो गए। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
गुरसेवक सिंह की मौत, दो घायलों की हालत गंभीर
गोलीबारी में गुरसेवक सिंह, हरकीरत सिंह और साजन सिंह घायल हुए थे। तीनों को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, लेकिन गुरसेवक सिंह की जान नहीं बच सकी। वहीं, हरकीरत सिंह और साजन सिंह गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती हैं।
इस घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। पुलिस पूरे मामले की पड़ताल कर रही है और फायरिंग से जुड़े घटनाक्रम की जांच की जा रही है।
कई दिनों से मिल रही थीं गैंगस्टरों की धमकियां
बताया जा रहा है कि मनजीत सिंह कट्टा आढ़ती होने के साथ ट्रांसपोर्ट का कारोबार भी करता है। उसके अनुसार, उसे पिछले कई दिनों से गैंगस्टरों की ओर से धमकियां मिल रही थीं। खतरे को देखते हुए उसकी सुरक्षा के लिए एक पुलिस कांस्टेबल भी तैनात किया गया था। इसके अलावा उसने निजी बाउंसर भी रखे हुए थे।
धमकियों के डर के बीच हुई इस फायरिंग में एक व्यक्ति की मौत और दो लोगों के गंभीर रूप से घायल होने से इलाके में कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। मामले में पुलिस जांच के बाद ही घटना से जुड़ी पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।





